तेरे बिना खुद को अधूरा पाया

13 Jun तेरे बिना खुद को अधूरा पाया

तेरी खामोशियाँ जवाब हैं , उन सवालों का |
तेरी मजबूरियाँ जवाब हैं , उन सवालों का |
जो पूछ रही थी मेरी सुबह – शाम |
तरस आता है खुद पे याद करूँ ज वो शाम |
प्यार से तेरे सबूत मांग रहा था |
मासूमियत को तेरी लाचारी जान रहा था |
दुनिया को पहचाना तो तेरा ख्याल आया |
तेरे बिना खुद को अधूरा पाया |