तेरी मेरी कहानियाँ

16 Jun तेरी मेरी कहानियाँ

हसरतें आज भी खिलखिला रही हैं
तेरी याद में भीगी जा रही हैं
सिमत रही हैं दूरियां
खनक रही हैं चूड़ियाँ
बहती हवा में घुल रही थी
तुम्हारी बेचैनियाँ
जब दूर दूर रहती थी
हमारी तुम्हारी नजदीकियाँ
वहाँ आस्मां भी गुनगुना रहा
तेरी मेरी कहानियाँ