ये दुनिया

14 Aug ये दुनिया

ये दुनिया

ये जहाँ

इश्क की कीमत

इश्क की जीनत

मोहब्बत का पैमाना

क्या समझते

वो तो तुम थी

नही तो किसे पता

हम कहाँ तडपते

घूँट प्यार का

बूँद-बूँद ऐतबार का

सिला तुम्हारी फितरत है

मुझ जैसे अन्जान का

ऐतबार करा

कितनी हसीन तुम्हारी सीरत हैं

जिन्दगी हमारी तुम्ही से खूबसूरत हैं

इक तुम्हारा साथ ही अब

मेरे जीवन की जरूरत है